Khabrilal Live Desk: 15 अगस्त, पटना। Har Ghar Tiranga Abhiyan 2026: कंकड़बाग की रहने वाली सभ्या कुमारी कहती है कि, “तिरंगा हमारी शान है। इस अभियान में शामिल होकर मैं तहे दिल से खुश हूं।” सभ्या की तरह राज्यभर में हजारों स्कूली बच्चे भी हर घर तिरंगा अभियान 2026 से जुड़कर देशभक्ति का संदेश दे रहे हैं।

Har Ghar Tiranga Abhiyan 2026 के तहत बच्चों में राष्ट्र प्रेम और राष्ट्रीय गौरव की भावना मजबूत करने के लिए भव्य तिरंगा यात्राएं, जागरूकता रैलियां, निबंध, चित्रकला, रंगोली और क्विज प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं। बच्चों को राष्ट्रीय ध्वज फहराने के नियमों की जानकारी दी जा रही है और उन्हें अपने घरों पर तिरंगा लगाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
तिरंगा केवल एक ध्वज नहीं, बल्कि देश की एकता, स्वतंत्रता और राष्ट्रीय गौरव का सर्वोच्च प्रतीक है। यह देशवासियों को एक सूत्र में बांधता है, हमारे स्वाभिमान को जागृत करता है और स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग एवं बलिदान की याद दिलाता है। इसी भावना के साथ हर घर तिरंगा अभियान 2026 के तहत राज्यभर में भव्य तिरंगा यात्राओं, जागरूकता रैलियों और ध्वजारोहण कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।
‘भारत माता की जय’ के जयघोष और हाथों में लहराते तिरंगे के साथ लोग राष्ट्रीय एकता, अखंडता और देशभक्ति का संदेश दे रहे हैं। बच्चों से लेकर आम लोगों तक, हर वर्ग की भागीदारी ने अभियान को जन-जन के राष्ट्रीय गौरव का उत्सव बना दिया है।
गौरतलब है कि बिहार के शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार राज्य के सभी प्राथमिक, मध्य और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में 9 अगस्त से 17 अगस्त 2026 तक ‘हर घर तिरंगा-2026 महोत्सव’ (Har Ghar Tiranga Abhiyan 2026 ) मनाया जा रहा है। इस दौरान स्कूलों में विभिन्न देशभक्ति कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे होने के अवसर पर छात्रों और आम लोगों में राष्ट्रप्रेम, राष्ट्रीय एकता और देशभक्ति की भावना को मजबूत करना है।
Har Ghar Tiranga Abhiyan 2026 को लेकर बिहार की बेटियों ने क्या कहा ?
“हर घर तिरंगा योजना बहुत ही शानदार पहल है। यह कार्यक्रम होना चाहिए क्योंकि तिरंगा हमारे देश की शान है।” अनुष्का सिन्हा
छात्रा, कंकड़बाग

गांधी मैदान पर इतने ज्यादा लोग आए हुए है। मैं पहली बार जिंदगी में ऐसा देख रहा हूं। देशभक्ति गीत, पेरेड और वंदना.. सब कुछ काफी सुंदर है।”
कोमल कुमारी
छात्रा, कंकड़बाग

