Lalu’s son-in-law Chiranjiv lost the election: भारतीय जनता पार्टी ने हरियाणा में कांग्रेस की उम्मीदों को तोड़ते हुए और 10 साल की सत्ता विरोधी लहर को बेअसर करते हुए शानदार जीत हासिल करते हुए ‘हैट्रिक’ लगाई। इस चुनाव में न केवल कांग्रेस बल्कि राष्ट्रीय जनता दल सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को भी बड़ा झटका लगा है। दरअसल, आरजेडी अध्यक्ष लालू यादव के दामाद चिरंजीव राव को रेवाड़ी सीट पर हार का सामना करना पड़ा है। उन्हें बीजेपी के लक्ष्मण सिंह यादव ने भारी अंतर से हराया है। चिरंजीव राव को 54978 वोट मिले, वहीं बीजेपी के लक्ष्मण सिंह यादव को 83747 वोट मिले। यहां पर आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी सतीश यादव ने 18427 वोट हासिल किए और वह तीसरे स्थान पर रहे। गौरतलब है कि यह सीट कांग्रेस की परंपरागत सीट थी।
रेवाड़ी में 28 हजार से अधिक मतों से हारे लालू के दामाद (Chiranjiv Rao lost the election from Rewari assembly seat in Haryana)
लालू यादव के दामाद चिरंजीव राव रेवाड़ी विधानसभा सीट से कांग्रेस के उम्मीदवार थे। उनका मुकाबला बीजेपी के लक्ष्मण सिंह यादव से था। शुरुआती राउंड में चिरंजीव आगे चल रहे थे, लेकिन बाद में बीजेपी उम्मीदवार ने उन्हें हरा दिया। चिरंजीव राव 28 हजार से अधिक मतों से चुनाव हारे हैं। बता दें कि बीजेपी से जीते लक्ष्मण सिंह यादव केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के करीबी हैं।
यह भी पढ़ें: Bihar Vidhan Sabha Chunav: बिहार के सियासत में हलचल तेज, 2025 में तेजस्वी को आशीर्वाद देंगे नीतीश कुमार !
चिरंजीव के पिता कैप्टन अजय सिंह यादव यहाँ से 5 बार विधायक रहे हैं
गौरतलब है कि बता दें कि इस सीट पर लंबे समय तक चिरंजीव राव के पिता कैप्टन अजय सिंह यादव का कब्जा रहा, कैप्टन यहां से लगातार पांच बार जीत चुके हैं। 2014 में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। लालू यादव के दमाद 2019 का चुनाव जीतकर पहली बार विधायक बने थे, लेकिन इस बार उन्हें बीजेपी उम्मीदवार ने कड़ी टक्कर देते हुए भारी मतों से हरा दिया। बता दें कि रेवाड़ी सीट पर चिरंजीवी राव के लिए ससूर लालू प्रसाद यादव, साली रोहिणी आचार्य, साले तेजस्वी यादव और तेजप्रताप यादव ने वीडियो अपील भी की थी।
